#Hindi Quote
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आत्मसम्मान एक ऐसी सड़क है, जो देर सवेर ही सही, लेकिन आपको आपकी मंजिल तक जरूर पहुंचाती है।
मंजिल दूर और सफर बहुत है, छोटी सी जिंदगी की फिक्र बहुत है,
रास्ते कभी cनहीं होते, बस चलने का हौसला होना हौसला ।
अगर आपने सफर शुरू कर ही दिया है तो बीच रास्ते से लौटने का कोई फायदा नहीं होगा, क्योंकि वापस आने में जितनी दूरी तय होगी क्या पता मंजिल उससे भी पास हो.
जो रास्ते से नहीं डरे, वही मंजिल तक पहुँचे ।
सपनों को पाने की चाहत, मेहनत को अपना साथी बना लेती है।
जब रास्तों पर चलते चलते मंजिल का ख्याल ना आये तो आप सही रास्ते पर है..।
वे अपने सपनों को पूरा करने के लिए पूरा ध्यान लगाते हैं और लगातार प्रयास करते हैं। वहीं, असफल लोग अक्सर अपने उद्देश्यों को पाने के लिए उतनी मेहनत या दृढ़ता नहीं दिखाते।
मंज़िल उन्हीं को मिलती है , जिनके सपनों में जान होती है
सोचने से कहाँ मिलते है तमन्नाओ के शहर, चलना भी जरुरी है मंजिल पाने के